चाइल्ड पोर्नोग्राफी से सम्बंधित मामलो में पुलिस की त्वरित कार्यवाही पर बागेश्वर पुलिस ने दर्ज किये गये 07 अभियोग
किसी भी बच्चे की अश्लील या यौन शोषण से संबंधित फोटो या वीडियो बनाना, रखना, डाउनलोड करना, फॉरवर्ड करना या सोशल मीडिया पर साझा करना कानूनन अपराध है, चाहे मज़ाक में या बिना किसी गलत मंशा के ही क्यों न किया गया हो।
कई बार बच्चे या किशोर अनजाने में ऐसे फोटो या वीडियो दोस्तों के बीच साझा कर देते हैं। उन्हें यह समझना चाहिए कि ऐसा करना गंभीर कानूनी परिणाम उत्पन्न कर सकता है।
यदि किसी मोबाइल, व्हाट्सएप, टेलीग्राम, इंस्टाग्राम या अन्य सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म पर ऐसी सामग्री प्राप्त होती है, तो उसे आगे साझा न करें। यथासंभव संबंधित प्लेटफ़ॉर्म पर रिपोर्ट करें और आवश्यकता होने पर पुलिस को सूचना दें।
अभिभावक अपने बच्चों को सुरक्षित इंटरनेट उपयोग, ऑनलाइन गोपनीयता तथा सोशल मीडिया के जिम्मेदार उपयोग के बारे में नियमित रूप से जागरूक करें तथा उनकी ऑनलाइन गतिविधियों पर उचित निगरानी रखें।
विद्यालय एवं शिक्षण संस्थान समय-समय पर साइबर सुरक्षा और ऑनलाइन अपराधों के संबंध में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करें, ताकि बच्चे डिजिटल माध्यमों का सुरक्षित एवं जिम्मेदारीपूर्ण उपयोग कर सकें।
किसी भी बच्चे के साथ ऑनलाइन यौन शोषण, ब्लैकमेल या अश्लील सामग्री से संबंधित घटना की जानकारी मिलने पर तत्काल स्थानीय पुलिस, साइबर पुलिस स्टेशन अथवा साइबर हेल्पलाईन न0- 1930, राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत करें।

