खटीमा में CM धामी ने बजाया ढोल, एकलव्य स्कूल के लिए 10 करोड़ का ऐलान, देशभर से पहुंचे कलाकार
खटीमा: खटीमा में तीन दिवसीय उत्तराखंड आदि रंगोत्सव का भव्य शुभारंभ हुआ। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की। इस दौरान देश के अलग-अलग राज्यों से पहुंचे जनजातीय कलाकारों ने पारंपरिक वेशभूषा, लोकनृत्य, लोकसंगीत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के जरिए अपनी समृद्ध विरासत की झलक दिखाई।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने केंद्रीय संसदीय कार्य एवं अल्पसंख्यक कार्य मंत्री किरेन रिजिजू और केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्री जुएल ओराम का पौधा और महाराणा प्रताप की प्रतिमा भेंट कर स्वागत किया। फिल्म ‘हनुमान अंश’ के कलाकारों को भी पौधा, भगवान हनुमान की गदा और नीम करौली बाबा की तस्वीर भेंट कर सम्मानित किया गया।
मुख्यमंत्री ने कलाकारों के साथ थिरककर उनका उत्साह बढ़ाया। उन्होंने खुद ढोल भी बजाया। मुख्यमंत्री के इस अंदाज ने कार्यक्रम में मौजूद लोगों और कलाकारों का ध्यान खींचा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आदि रंगोत्सव केवल सांस्कृतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि जनजातीय समाज की संस्कृति, परंपरा और गौरव को सामने लाने का माध्यम है। ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को अपनी जड़ों और परंपराओं से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।मुख्यमंत्री ने केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्री जुएल ओराम का खटीमा स्थित एकलव्य आवासीय विद्यालय के आधुनिकीकरण और विस्तार के लिए 10 करोड़ रुपये की घोषणा के लिए आभार जताया। मुख्यमंत्री ने केंद्रीय मंत्रियों से पिथौरागढ़ क्षेत्र में भी एक आवासीय एकलव्य विद्यालय स्थापित करने का अनुरोध किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार जनजातीय समाज को शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और मूलभूत सुविधाओं से जोड़ने के लिए लगातार काम कर रही है। सरकार का प्रयास है कि जनजातीय समुदायों की सांस्कृतिक पहचान और परंपराएं सुरक्षित रहें और उन्हें विकास की मुख्यधारा से भी जोड़ा जाए।
मुख्यमंत्री ने बताया कि अटल आवास योजना में आय सीमा को व्यावहारिक बनाया गया है और आवास निर्माण की लागत भी बढ़ाई गई है। ऊधम सिंह नगर जिले में इस योजना के तहत 3 करोड़ रुपये से अधिक की सहायता दी गई है।प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत इस वर्ष आवास के लिए मिले आवेदनों में करीब 28 प्रतिशत आवेदन जनजातीय परिवारों के हैं। प्रधानमंत्री जनमन योजना के तहत पहले चरण में 824 और दूसरे चरण में 101 आवासों का निर्माण किया जा चुका है।मुख्यमंत्री ने कहा कि जनजातीय समाज के लिए आश्रम पद्धति विद्यालयों, छात्रावासों और आईटीआई के विकास पर भी काम किया जा रहा है। बाजपुर में 100 बेड के बालक छात्रावास का निर्माण किया जा रहा है। 16 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से विद्यालय निर्माण का काम चल रहा है….जबकि बालिका छात्रावास के लिए 4 करोड़ रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई है।
इसके अलावा थारू राजकीय इंटर कॉलेज के सौंदर्यीकरण और आधुनिकीकरण का काम भी किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने खटीमा के अंजनिया गांव निवासी बीएसएफ जवान मोहन सिंह राणा और चारूबेटा की बेटी टीला सेन को माउंट एवरेस्ट फतह करने पर बधाई दी। उन्होंने कहा कि दोनों ने अपनी उपलब्धि से थारू समाज और उत्तराखंड का गौरव बढ़ाया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के माध्यम से जनजातीय समाज को रोजगार और प्रशिक्षण दिया जा रहा है। जनजातीय समुदायों के उत्पादों को बाजार से जोड़ने और उनके विपणन को बढ़ावा देने के साथ रिवॉल्विंग फंड और निवेश सहायता भी उपलब्ध कराई जा रही है।
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री सीमांत क्षेत्र विकास कार्यक्रम के तहत वर्ष 2020 से 2025 तक 10 करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न योजनाएं धरातल पर उतारी गई हैं।
आदि रंगोत्सव में राजस्थान, मध्य प्रदेश, हरियाणा, उत्तराखंड, अरुणाचल प्रदेश, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, झारखंड, मिजोरम और उत्तर प्रदेश के कलाकारों ने प्रस्तुतियां दीं।थारू, बोक्सा, जौनसारी और राजी समेत विभिन्न जनजातीय समुदायों की संस्कृति और परंपराओं ने कार्यक्रम में ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ का संदेश दिया।


